जालंधर प्रशासन ने नशे के खिलाफ पंजाब सरकार की मुहिम “युद्ध नशे के विरुद्ध” के तहत एक बड़ा एक्शन लिया है। नगर निगम और कमिश्नरेट पुलिस ने मिलकर रामामंडी इलाके में दो कुख्यात नशा तस्करों की अवैध संपत्तियों को ध्वस्त कर दिया। इन दोनों व्यक्तियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कई केस दर्ज हैं। प्रशासन ने यह कार्रवाई बिना किसी पूर्व चेतावनी के की, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया।
इस अभियान का मकसद केवल अवैध निर्माण को तोड़ना नहीं, बल्कि नशे के नेटवर्क की आर्थिक कमर तोड़ना है। अधिकारियों का कहना है कि यह संदेश स्पष्ट है कि कोई भी नशा तस्करी से अर्जित संपत्ति सुरक्षित नहीं रहेगी। यह कदम आने वाले समय में दूसरे अपराधियों के लिए भी चेतावनी साबित होगा।
स्थानीय निवासियों ने इस कार्रवाई का स्वागत किया है। उनका मानना है कि प्रशासन की इस कठोर कार्रवाई से क्षेत्र में नशे की समस्या पर लगाम लग सकती है। लोग चाहते हैं कि ऐसी कार्रवाई समय-समय पर होती रहे ताकि समाज को नशे के जाल से मुक्त किया जा सके।















