जालंधर में ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी के कार्यालय के बाहर सरकारी बीमा कंपनियों के कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में एकत्रित हुए प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार और वित्त मंत्रालय के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को तत्काल पूरा करने की अपील की। कर्मचारियों ने ऐलान किया कि 27 मार्च को देशभर में हड़ताल होगी और जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं, संघर्ष जारी रहेगा।
प्रदर्शनकारियों का मुख्य मुद्दा वेतन संशोधन था, जो अगस्त 2022 से लंबित है। कर्मचारियों ने सरकार पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए कहा कि बैंक और भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) में पहले ही वेतन संशोधन लागू हो चुका है, लेकिन जनरल इंश्योरेंस कंपनियों के कर्मचारियों को अब तक इस लाभ से वंचित रखा गया है। इसके साथ ही, उन्होंने पारिवारिक पेंशन को 15% से बढ़ाकर 30% करने की मांग की, जिससे रिटायर्ड कर्मचारियों को आर्थिक सुरक्षा मिल सके।
वक्ताओं ने यह भी सुझाव दिया कि जनरल इंश्योरेंस की चारों कंपनियों को मिलाकर एक कंपनी बनाई जाए, ताकि प्रशासनिक सुधार हो और आम जनता को बेहतर सेवाएं दी जा सकें। कर्मचारियों का कहना है कि कंपनियों का आपसी समन्वय मजबूत होगा तो बीमा दावों का निपटारा भी तेज़ी से किया जा सकेगा। इसके अलावा, उन्होंने कंपनियों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाने और कर्मचारियों को बेहतर सुविधाएं देने की मांग की।
इस विरोध प्रदर्शन में कामरेड अनिल चोपड़ा, योगेश बग्गा, नरेश कुमार, अजय मल्होत्रा समेत कई कर्मचारी शामिल हुए। सभी ने एक सुर में कहा कि यदि उनकी मांगों को जल्द पूरा नहीं किया गया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज़ किया जाएगा। अब देखना यह होगा कि सरकार इस हड़ताल को लेकर क्या रुख अपनाती है और कर्मचारियों की मांगों पर क्या फैसला लिया जाता है।